Guru Purnima 2026: क्यों मनाई जाती है गुरु पूर्णिमा? जानें Vyas Purnima Ki Katha & Importance
भारतीय सनातन संस्कृति में ईश्वर से भी ऊंचा दर्जा ‘गुरु’ को दिया गया है। गुरु वह कुम्हार है जो शिष्य रूपी कच्ची मिट्टी को गढ़कर उसे एक सुंदर और मजबूत …
भारतीय सनातन संस्कृति में ईश्वर से भी ऊंचा दर्जा ‘गुरु’ को दिया गया है। गुरु वह कुम्हार है जो शिष्य रूपी कच्ची मिट्टी को गढ़कर उसे एक सुंदर और मजबूत …
भारतीय सनातन परंपरा में ‘गुरु’ को साक्षात परब्रह्म का स्वरूप माना गया है। अज्ञानता के घोर अंधकार से निकालकर ज्ञान के दिव्य प्रकाश की ओर ले जाने वाले गुरु के …
भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में ‘गुरु’ का स्थान साक्षात ईश्वर से भी ऊंचा माना गया है। संत कबीर दास जी ने कहा है- “गुरु गोविंद दोऊ खड़े, काके लागूं …
सनातन धर्म में श्रावण (सावन) महीने का स्थान सबसे पवित्र और सर्वोपरि माना गया है। यह पूरा महीना देवों के देव महादेव को समर्पित होता है। सावन के महीने में …
भारतीय संस्कृति में प्रकृति और आस्था का अत्यंत गहरा और अनूठा संगम देखने को मिलता है। यहाँ वृक्षों, नदियों और पर्वतों को केवल भौतिक वस्तु नहीं, बल्कि साक्षात देवता का …
भारत की पावन धरती पर देवी-देवताओं की उपासना के अनगिनत तरीके और त्योहार हैं, लेकिन ओडिशा के पुरी (Puri) शहर में आयोजित होने वाली ‘श्री जगन्नाथ रथयात्रा’ का स्थान उन …
हमारी सनातन संस्कृति में त्योहार केवल कैलेंडर की तारीखें नहीं हैं, बल्कि वे मानव चेतना और ईश्वर के बीच सीधे संवाद का माध्यम हैं। जब हम भारत के सबसे भव्य, …
भारत की आध्यात्मिक भूमि ओडिशा के पुरी शहर में स्थित ‘श्री जगन्नाथ मंदिर’ न केवल हिंदू धर्म के चार पवित्र धामों में से एक है, बल्कि यह दुनिया भर के …
भारत आस्था, परंपराओं और भव्य उत्सवों की पुण्य भूमि है। जब भी हिंदू धर्म के सबसे विशाल और रहस्यमयी त्योहारों का जिक्र होता है, तो ओडिशा के पुरी (Puri) शहर …
सनातन हिंदू धर्म में शक्ति की उपासना को परम कल्याणकारी और त्वरित फलदायी माना गया है। ब्रह्मांड के समस्त रहस्यों, सिद्धियों और ऊर्जा का मूल स्रोत ‘आदिशक्ति’ ही हैं। मां …