कालरात्रि देवी कवच (Kalaratri Devi Kavach) का संपूर्ण संस्कृत पाठ पढ़ें। मां कालरात्रि के पवित्र कवच के सभी श्लोक शुद्ध एवं सरल रूप में यहां उपलब्ध हैं।
कालरात्रि देवी कवच मां दुर्गा के सातवें स्वरूप मां कालरात्रि को समर्पित एक पवित्र कवच है। इस लेख में कालरात्रि देवी कवच का संपूर्ण संस्कृत पाठ प्रस्तुत किया गया है, जिससे भक्त श्रद्धापूर्वक इसका पाठ कर सकते हैं।
कालरात्रि देवी कवच | Kaalratri Devi Kavach
।। कवच ।।
ॐ क्लींमें हदयं पातु पादौ श्रींकालरात्रि ।
ललाटे सततं पातु दुष्टग्रह निवारिणी ॥
रसनां पातु कौमारी भैरवी चक्षुणोर्मम ।
कहौ पृष्ठे महेशानी कर्णो शंकर भामिनी ॥
वíजतानितुस्थानाभियानिचकवचेनहि ।
तानिसर्वाणिमें देवी सततंपातुस्तम्भिनी ॥
॥ इति कालरात्रि देवी कवच संपूर्ण ॥
इस प्रकार कालरात्रि देवी कवच मां कालरात्रि को समर्पित एक पवित्र स्तोत्र है। भक्त श्रद्धा एवं भक्ति के साथ इसका पाठ कर देवी की कृपा और संरक्षण की प्रार्थना करते हैं।